#धर्म
September 16, 2026
आस्था की अनोखी मिसाल : मणिमहेश की 13 KM कठिन दंडवत यात्रा पर निकला गोल्डी, राधाअष्टमी को होगी पूरी
मणिमहेश कैलाश के दर्शन का संकल्प
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चंबा। देवभूमि हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों और सिद्धपीठों में श्रद्धालुओं की अटूट आस्था के उदाहरण अक्सर सामने आते रहते हैं। कोई अपनी मनोकामना पूरी होने पर भगवान के दरबार में माथा टेकने पहुंचता है तो कोई कठिन संकल्प लेकर अपनी श्रद्धा प्रकट करता है।
ऐसी ही एक आस्था की खबर जिला चंबा से सामने आई है। यहां मणिमहेश यात्रा में भगवान भोलेनाथ के प्रति आस्था की एक अलग ही मिसाल देखने को मिल रही है। पंजाब के रहने वाले गोल्डी हड़सर से मणिमहेश डल झील तक करीब 13 किलोमीटर की यात्रा दंडवत तरीके से कर रहे हैं।
बता दें कि पंजाब के तलवाड़ा के रहने वाले गोल्डी ने यह कठिन यात्रा 7 सितंबर को शुरू की थी। अब सातवें दिन वह दुर्गम धनछो पड़ाव तक पहुंच चुके हैं। रास्ते में पथरीली चढ़ाई और कई मुश्किलें हैं, लेकिन इसके बावजूद गोल्डी अपने संकल्प के साथ लगातार आगे बढ़ रहे हैं।
गोल्डी का कहना है कि उनका लक्ष्य मणिमहेश कैलाश के दर्शन करना और 18 सितंबर को राधाष्टमी के पवित्र स्नान में शामिल होना है। इसी आस्था के साथ वह मुश्किल रास्ते पर लगातार आगे बढ़ रहे हैं।
गोल्डी की इस कठिन यात्रा को देखकर मणिमहेश जाने वाले श्रद्धालु भी उनकी आस्था और हिम्मत की सराहना कर रहे हैं। इतनी मुश्किल चढ़ाई के बावजूद उनका लगातार आगे बढ़ना लोगों के लिए श्रद्धा और संकल्प की मिसाल बना हुआ है।