#विविध

April 4, 2026

हिमाचल में हाईवे पर गिरी थी बजरी : नन्ही बच्चियों ने 45 मिनट तक सड़क पर मारा झाड़ू, टाला हाद*सा

ओवरलोड टिप्पर ने बिखेरी सड़क पर बजरी

शेयर करें:

SCHOOL GIRLS CLEAN OVERLOAD TIPPER STONES BROOM HAMIRPUR ROAD NH

हमीरपुर। हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले से एक प्रेरणादायक घटना सामने आई है। इस घटना ने यह साबित कर दिया कि जिम्मेदारी निभाने के लिए उम्र नहीं, बल्कि सोच बड़ी होनी चाहिए। टौणीदेवी क्षेत्र में दो नन्ही बच्चियों ने जो किया- वो ना सिर्फ सराहनीय है बल्कि समाज के लिए एक बड़ा संदेश भी है।

हाईवे पर गिरी थी बजरी

दरअसल, कल सुबह करीब 9 बजे NH-03 पर टौणीदेवी पुलिस चौकी के पास एक ओवरलोड टिप्पर क्रशर से बजरी लेकर कस्बे की ओर जा रहा था। वाहन में क्षमता से अधिक बजरी भरी होने के कारण रास्ते भर कंकड़-पत्थर सड़क पर गिरते जा रहे थे।

यह भी पढ़ें : हिमाचल : मंदिर आया युवक गोबिंद सागर झील में डूबा, नहीं मिला सुराग- सर्च ऑपरेशन जारी

ओवरलोड टिप्पर ने बिखेरी

धीरे-धीरे सड़क पर बजरी की एक परत जमने लगी, जो खासकर दोपहिया वाहन चालकों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकती थी। इसी दौरान पास ही एक घर की छत पर खेल रहीं दो मासूम बच्चियां नभी और संचिता चौहान की नजर सड़क पर पड़ी इस बजरी पर गई।

 

May be an image of one or more people, street, road and text

बच्चियों की पड़ी नजर

छोटी उम्र के बावजूद उन्होंने तुरंत स्थिति की गंभीरता को समझ लिया। उन्हें एहसास हुआ कि अगर समय रहते इसे साफ नहीं किया गया, तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। बिना किसी को बताए, दोनों बच्चियां तुरंत घर के अंदर गईं और झाड़ू उठाकर सड़क पर पहुंच गईं।

यह भी पढ़ें : हिमाचल: बाबा बालक नाथ के दरबार में हुआ चमत्कार- परिवार ने की अरदास, बोलने लगा 3 वर्षीय बच्चा

45 मिनट तक सड़क पर लगाया झाड़ू

इसके बाद उन्होंने बिना थके करीब 45 मिनट तक सड़क पर बिखरी बजरी को साफ किया। तेज धूप और वाहनों की आवाजाही के बीच भी उनका हौसला कम नहीं हुआ। नन्हें हाथों से सड़क बुहारती इन बच्चियों को देखकर वहां से गुजरने वाले लोग हैरान रह गए।

 

May be an image of road

बच्चियों ने टाला हादसा

कई वाहन चालकों ने अपने वाहन रोककर बच्चियों की इस पहल को सराहा। कुछ लोगों ने उनकी तारीफ करते हुए कहा कि जहां बड़े लोग अक्सर ऐसी स्थितियों को नजरअंदाज कर देते हैं। वहीं इन बच्चियों ने अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए एक संभावित हादसे को टालने का काम किया।

यह भी पढ़ें : हिमाचल में भूकंप : बारिश के बीच डोली धरती, घरों से बाहर भागे लोग- क्या आपने महसूस किए झटके?

छोटा सा कदम ला सकता है बड़ा बदलाव

इस पूरे घटनाक्रम ने एक बड़ा सवाल भी खड़ा किया है क्या हम अपनी जिम्मेदारियों को निभाने में कहीं पीछे तो नहीं रह गए? नभी और संचिता की यह पहल बताती है कि अगर सोच साफ हो और इरादे मजबूत हों, तो छोटा सा कदम भी समाज में बड़ा बदलाव ला सकता है।

नोट : ऐसी ही तेज़, सटीक और ज़मीनी खबरों से जुड़े रहने के लिए इस लिंक पर क्लिक कर हमारे फेसबुक पेज को फॉलो करें

ट्रेंडिंग न्यूज़
LAUGH CLUB
संबंधित आलेख