मंडी। हिमाचल प्रदेश के जिला मंडी के तहत आते नगर परिषद नेरचौक कार्यालय में विजेलेंस की रेड पड़ी है। राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो यानी विजिलेंस की यह रेड आरोपों के आधार पर पड़ी है। आरोप है कि नगर परिषद नेरचौक के टेंडर प्रक्रियाओं में अनियमितताएं की जा रही हैं ।
स्थानीय व्यक्ति ने की शिकायत
नगर परिषद नेरचौक कार्यालय में टेंडर से जुड़ी अनियमितताओं और चहेतों को लाभ पहुंचाने के आरोप स्थानीय व्यक्ति द्वारा लगाए गए है। स्थानीय व्यक्ति ने विजिलेंस को शिकायत में लिखा है कि टेंडर का प्रकाशन सही ढंग से नहीं हो रहा।
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आरोपों की जांच करने पहुंची विजिलेंस
राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने बुधवार शाम नगर परिषद नेरचौक कार्यालय में आरोपों की जांच के लिए पहुंची। शाम करीब 4.30 पर पहुंची विजिलेंस टीम ने नगर परिषद कार्यालय में मौजूद अधिकारियों से पूर्व और मौजूदा समय के टेंडर का रिकॉर्ड मांगा। रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। वहीं, आवश्यक रिकॉर्ड को अपने कब्जे में लेने की प्रक्रिया शुरू की।
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जांच में होगा खुलासा
विजिलेंस मंडी के डीएसपी प्रियंक गुप्ता ने बताया कि मामले में जांच की जा रही है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि टेंडर से जुड़ी सभी औपचारिकताएं सही ढंग से पूरी की गई है या नहीं। उन्होंने आगे बताया कि शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है और मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
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मंडी में पहले भी पड़ा छापा
बता दें कि कुछ दिन पहले ही जल शक्ति विभाग मंडल कार्यालय बग्गी से भी टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं के आरोप लगे थे। शिकायत के आधार पर विजिलेंस ने वहां रेड मारी। जिसके बाद सभी रिकॉर्ड कब्जे में ले लिए गए थे। इस मामले में विभागीय अधिशाषी अभियंता का ट्रांसफर शिमला मुख्यालय कर दिया गया था।