#हिमाचल
May 8, 2025
हिमाचल में इन जगहों पर ब्लैक आउट: 1971 के बाद बने इस तरह के हालात
1971 के बाद बनी है ऐसी स्थिति
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धर्मशाला | पाकिस्तान की ओर से किए गए ड्रोन और मिसाइल हमलों के बाद हिमाचल प्रदेश के सीमावर्ती क्षेत्रों में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। कांगड़ा जिले के पालमपुर, धीरा, नूरपुर, ज्वालाजी, इंदौरा, भवारना और मारंडा जैसे क्षेत्रों में एहतियातन बिजली आपूर्ति पूरी तरह से बंद कर दी गई। सोलर स्ट्रीट लाइट्स को छोड़कर पूरा इलाका घुप्प अंधेरे में डूब गया, जिससे स्थानीय लोगों में चिंता और असमंजस का माहौल बन गया।
1971 के बाद बनी है ऐसी स्थिति
यह स्थिति 1971 के भारत-पाक युद्ध के बाद पहली बार देखने को मिली, जब कांगड़ा क्षेत्र में इस स्तर का ब्लैकआउट लागू किया गया है। प्रशासन ने इसे एक सावधानीपूर्ण कदम बताया है। पालमपुर के तहसीलदार साजन बग्गा ने पुष्टि की कि सुरक्षा कारणों से अस्थायी रूप से बिजली आपूर्ति बंद की गई है। हालांकि जयसिंहपुर, देहरा और बैजनाथ जैसे कुछ क्षेत्रों में विद्युत सेवाएं सामान्य रहीं।
IPL का भी मैच रुकवा दिया गया
इससे पहले पाकिस्तान के हमलों की खबरों के बीच पंजाब किंग्स और दिल्ली कैपिटल्स के बीच चल रहा आईपीएल मैच अचानक रोक दिया गया। आईपीएल चेयरमैन अरुण धूमल ने दर्शकों को स्टेडियम खाली करने के निर्देश दिए। आपातकालीन गेट खोलकर दर्शकों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस दौरान "पाकिस्तान मुर्दाबाद" के नारे भी गूंजे। स्टेडियम की सभी लाइटें तुरंत बंद कर दी गईं।
भारत दे रहा है करार जवाब
सूत्रों के अनुसार, पाकिस्तान की ओर से पठानकोट, जम्मू और जैसलमेर जैसे क्षेत्रों में मिसाइल और ड्रोन हमलों की घटनाएं हुईं, जिनका भारतीय सेना ने सख्त जवाब दिया। ऑपरेशन 'सिन्दूर' के तहत भारत ने 100 से अधिक मिसाइलें दागकर पाकिस्तान के कई सैन्य ठिकानों को ध्वस्त कर दिया। भारतीय वायुसेना ने पाकिस्तान के चार लड़ाकू विमानों को भी मार गिराया और दो पायलटों को ज़िंदा पकड़ने में सफलता हासिल की।
हिमाचल में उठाए गए एहतियाती कदमों से साफ है कि राज्य प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। लोगों से संयम बनाए रखने और प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।