#अपराध
June 4, 2026
हिमाचल में पंजाबियों की गुंडागर्दी! HRTC कंडक्टर को जड़े थप्पड़- पुलिस के सामने भी नहीं रुके
बस और कार की टक्कर के बाद बढ़ा विवाद, केस दर्ज
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सोलन। हिमाचल प्रदेश में पर्यटकों और स्थानीय लोगों के बीच होने वाले विवादों की घटनाएं समय-समय पर सामने आती रही हैं। इस बार मामला HRTC के कर्मचारियों से जुड़ा है- जहां एक सड़क दुर्घटना के बाद शुरू हुआ विवाद मारपीट तक पहुंच गया।
जानकारी के अनुसार, शिमला जिले के रामपुर डिपो की एक HRTC बस यात्रियों को लेकर अंबाला की ओर जा रही थी। बुधवार दोपहर बस जब सोलन जिले के परवाणू क्षेत्र में टोल प्लाजा के समीप पहुंची तो सड़क पर बने स्पीड ब्रेकर के कारण चालक ने वाहन की रफ्तार कम कर दी।
इसी दौरान पीछे से आ रही पंजाब नंबर की एक कार बस के पिछले हिस्से से टकरा गई। टक्कर के बाद दोनों पक्ष सड़क पर उतर आए और दुर्घटना को लेकर बहस शुरू हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कुछ ही मिनटों में माहौल तनावपूर्ण हो गया और दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक होने लगी।
बताया जा रहा है कि विवाद बढ़ने के दौरान कार में सवार पर्यटकों और बस कर्मचारियों के बीच हाथापाई की स्थिति बन गई। आरोप है कि कुछ पर्यटकों ने बस चालक और परिचालक के साथ धक्का-मुक्की की तथा अभद्र व्यवहार किया।
घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सड़क किनारे काफी देर तक बहस होती दिखाई दे रही है। वीडियो में कुछ लोग ऊंची आवाज में बोलते और एक-दूसरे पर आरोप लगाते नजर आ रहे हैं। इसी दौरान स्थिति और तनावपूर्ण हो जाती है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत करवाने का प्रयास किया। पुलिस की मौजूदगी में भी कुछ समय तक बहस जारी रही। इसके बाद अधिकारियों ने दोनों पक्षों से घटना की जानकारी जुटाई और मामले की जांच शुरू कर दी।
HRTC बस के चालक गिरजा राम और परिचालक अमनजीत सिंह ने घटना के संबंध में पुलिस को शिकायत दी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने पंजाब के अमृतसर निवासी दो व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। जांच एजेंसियां अब घटना से जुड़े वीडियो, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की पड़ताल कर रही हैं- ताकि पूरे घटनाक्रम की सही तस्वीर सामने आ सके।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार कार में सवार पर्यटक शिमला और आसपास के पर्यटन स्थलों का भ्रमण करने के बाद पंजाब वापस लौट रहे थे। दुर्घटना के बाद हुए विवाद ने पूरे मामले को गंभीर बना दिया।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई और मारपीट के आरोपों में कितनी सच्चाई है। जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद HRTC कर्मचारियों और विभिन्न कर्मचारी संगठनों में नाराजगी देखी जा रही है। उनका कहना है कि सार्वजनिक परिवहन सेवा में कार्यरत चालक और परिचालक रोजाना हजारों यात्रियों को सुरक्षित गंतव्य तक पहुंचाने का काम करते हैं, लेकिन कई बार उन्हें अनावश्यक विवादों और आक्रामक व्यवहार का सामना करना पड़ता है।
कर्मचारियों का मानना है कि अगर ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई नहीं की गई तो कर्मचारियों का मनोबल प्रभावित हो सकता है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि सार्वजनिक सेवाओं में लगे कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
हाल के वर्षों में हिमाचल प्रदेश में पर्यटकों और स्थानीय लोगों के बीच विवादों की कई घटनाएं चर्चा में रही हैं। सड़क दुर्घटनाएं, पार्किंग विवाद, ट्रैफिक जाम और छोटी-छोटी कहासुनियां कई बार बड़े झगड़ों का रूप ले लेती हैं।