कांगड़ा। हिमाचल प्रदेश में आए दिन बच्चियों, युवतियों और महिलाओं के साथ होने वाले यौन अपराधों से जुड़े ढेरों मामले सामने आते हैं। इन मामलों में पीड़िताओं को इंसाफ पाने के लिए लंबे वक्त तक इंतजार करना पड़ता है।
इसी कड़ी में हिमाचल के जिला कांगड़ा में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक पोक्सो कोर्ट अनिल शर्मा की अदालत ने दो साल की सुनवाई के बाद नाबालिग लड़की को घर से भगाने और उसके साथ दुष्कर्म करने के दोषी को कठोर कारावास की सजा सुनाई है।
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बाजार से घर नहीं लौटी थी किशोरी
यह मामला 23 अप्रैल, 2022 का है। जब पीड़िता के पिता ने पुलिस चौकी सदवां में बेटी के घर से लापता होने की शिकायत दर्ज करवाई थी। उन्होंने पुलिस को बताया कि उनकी बेटी 4 अप्रैल, 2022 दोपहर को बैंक सदवां में अपना ATM कार्ड बंद करवाने गई थी। मगर अभी तक वापस घर नहीं लौटी है।
फोन पर होती थी लड़के से बात
पीड़िता के पिता ने बताया कि उन्होंने बेटी को रिश्तेदारों और अन्य स्थानों पर ढूंढा। मगर उसका उसके कुछ पती नहीं चल सका। इसी बीच उन्हें पता चला कि झियोल में रहने वाले ज्योति प्रकाश नाम के लड़के के साथ पीड़िता की बात होती थी।
शादी का झांसा दे साथ ले गया युवक
18 अप्रैल, 2022 को पीड़िता ने घर पर फोन किया और पिता को बताया कि वह उसकी चिंता ना करें। वह ज्योति के साथ चंडीगढ़ में है और फिर उसके बाद उसने फोन ऑफ कर दिया। पीड़िता के पिता ने पुलिस को बताया कि ज्योति उनकी बेटी को बहला-फुसला कर शादी की नीयत से भगाकर ले गया है।
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वहीं, मामले पर गंभीरता से संज्ञान लेते हुए पुलिस टीम ने मामला दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी। जांच के दौरन पुलिस टीम ने 5 मई, 2022 को पीड़िता के माता-पिता के साथ ज्योति प्रकाश के मकान की तलाशी ली तो उन्हें पीड़िता उसके घर से बरामद हुई।
इसके बाद पुलिस ने आरोपी ज्योति के खिलाफ किशोरी को घर से भगाने और उसके साथ दुष्कर्म करने के जुर्म में FIR दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद मामला कोर्ट में पहुंचा।
मिली यह कठोर सजा
जहां दो साल तक सुनवाई चली और मुकदमे के दौरान कोर्ट में 20 गवाहों को पेश करने, सभी दलीलों को सुनकर अदालत ने ज्योति को किशोरी को घर से भगाने और उसके साथ दुष्कर्म करने का दोषी पाया। अब कोर्ट ने दोषी ज्योति प्रकाश को 20 साल के कठोर कारावास और 11 हजार रुपए जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई है। वहीं, जुर्माना ना देने पर सजा की वृद्धि का भी प्रावधान किया गया है।