कुल्लू। ये तो आप सबने सुना ही होगा अगर हौसले बुलंद हों, तो हर मंजिल को पाया जा सकता है। छोटी उम्र में ही अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित हो जाएं, तो जीत निश्चित होती है। कुल्लू के सात वर्षीय रियांश मिन्हास ने भी ऐसा ही जज्बा दिखाया है। अपनी अद्वितीय प्रतिभा से उन्होंने छोटी उम्र में एक बड़ा खिताब जीतकर जिला और प्रदेश का नाम गर्व से ऊंचा किया है।
छोटी सी उम्र में हासिल किया बड़ा मुकाम
दरअसल, 2 अक्टूबर को पंजाब के संगरूर में आयोजित टीवी रियलिटी शो 'किसमें कितना है दम' के ग्रैंड फिनाले में, रियांश ने मॉडलिंग प्रतियोगिता में अन्य प्रतिभागियों को पछाड़ते हुए ट्रॉफी अपने नाम की और एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है।
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रियलिटी शो में जीता गोल्ड
आपको बता दें कि TV रियलिटी शो 'किसमें कितना है दम' के पहले चरण का आयोजन कुल्लू के एक निजी स्कूल में हुआ था- जहां पहले ऑडिशन राउंड में रियांश मिन्हास का चयन किया गया। इस राउंड में कुल्लू जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए 18 साल तक के बच्चों ने भाग लिया।
इसके बाद मंडी में आयोजित दूसरे राउंड में हिमाचल के विभिन्न जिलों के बच्चों ने हिस्सा लिया, जिसमें रियांश ने सिंगिंग और मॉडलिंग दोनों में स्वर्ण पदक जीते। तीसरे राउंड में भी उन्होंने अन्य प्रतिभागियों के साथ प्रतिस्पर्धा करते हुए गोल्ड मेडल हासिल किया और फाइनल में अपनी जगह पक्की की।
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काफी होनहार है रियांश
फाइनल में रियांश ने अपनी अद्वितीय प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीतकर ग्रैंड फिनाले में अपनी जगह बनाई। ग्रैंड फिनाले में उनका मुकाबला 16 साल तक के प्रतिभागियों से था, लेकिन उन्होंने सभी को चकित करते हुए सबसे कम उम्र में प्रथम स्थान हासिल किया। रियांश न केवल अपनी इस खास प्रतिभा के लिए, बल्कि पढ़ाई और अन्य गतिविधियों में भी एक प्रतिभाशाली छात्र के रूप में जाने जाते हैं।
पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर
रियांश की इस शानदार जीत पर उनके परिवार, रिश्तेदारों और प्रशंसकों ने उन्हें बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। जीत के बाद जब रियांश अपने घर पहुंचे, तो अध्यापकों, अभिभावकों और परिजनों ने उन्हें फूल मालाएं पहनाकर गर्मजोशी से स्वागत किया। कुल्लू के लोगों का कहना है कि रियांश की इस उपलब्धि के लिए उनका पूरा परिवार बधाई का पात्र है।
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रियांश की इस उपलब्धि पर उसकी मां मनु मिन्हास और पिता संदीप मिन्हास का कहना है कि मेहनत और समर्पण ने हमें गौरवान्वित किया है। उसकी इस सफलता से हमें बहुत खुशी है। उन्होंने कहा कि किसमें कितना है दम केआयोजक वरुण बंसल की मेहनत लगन और दूरदर्शिता की वजह से ही इतने बड़े मंच पर बच्चों को ना सिर्फ पहुंचा रहे हैं, बल्कि उनकी प्रतिभाओं को आगे के सफर के लिए भी तैयार कर रहे हैं।