#उपलब्धि

September 8, 2024

हिमाचल : सिर्फ 1 रूपया सैलरी लेंगे तहसीलदार हीरालाल- जानें क्या है वजह

शेयर करें:

शिमला। हिमाचल प्रदेश में चल रहे आर्थिक संकट के बीच जहां एक ओर सरकार के मंत्रियों और विधायकों ने 2 महीने की सैलरी ना लेने का फैसला लिया है, वहीं ऐसे कर्मचारी भी है जो प्रदेश की आर्थिक हालत को देखते हुए स्वयं ही सैलरी ना लेने का फैसला कर चुके हैं। इन में से एक हैं, शिमला शहर से रिटायर तहसीलदार हीरालाल घेजटा। जिन्होंने एक बड़ी मिसाल पेश कर दी है। जहां कर्मचारी और अधिकारी री-अंगेजमेंट के लिए तरसते हैं, वहीं इन्होंने अपनी सैलरी ना लेने का फैसला किया है।

सरकार ने किया री-अंगेज

यह भी पढ़ें: हिमाचल : यहां आंगनबाड़ी केंद्रों में निकली भर्ती, जानें कब तक कर सकते हैं ओवदन बता दें कि शिमला जिला के जुब्बल से संबंध रखने वाले रिटायर तहसीलदार हीरालाल घेजटा 31 अगस्त को ही शिमला शहर से रिटायर्ड हुए थे। लेकिन राज्य सरकार ने उन्हें री-अंगेज किया है। उनकी बेहतरीन सेवाओं को देखते हुए सरकार ने उन्हें अगले 6 महीने के लिए पुन: नौकरी पर रखा है।

सैलरी के तौर पर लेंगे 1 रूपया

राज्य सरकार द्वारा दी री-अंगेजमेंट पर हीरालाल घेजटा वेतन के तौर पर सिर्फ 1 रुपया लेने वाले हैं। उन्होंने इस बारे में खुद राज्य सरकार को लेटर लिख कर अपनी सैलरी मात्र 1 रूपया लेने का आग्रह किया है। यह भी पढ़ें: लड़कियों के साथ छेड़छाड़ – SFI और ABVP आपस में भिड़े, HPU में बढ़ा तनाव बता दें कि हीरालाल घेजटा पहले भी 36 साल तक अपनी सेवाएं दे चुके हैं। वहीं अपनी ईमानदारी और निष्ठा के लिए जाने जाने वाले घेजटा को सरकार ने उनकी सेवाएं दोबारा लेने का मन बनाया है।

जरूरतमंदों की सेवा के लिए आगे

हीरालाल घेजटा अपने कार्यकाल के समय जरूरतमंद लोगों की सहायता करते नजर आते थे। वहीं, लोग भी उनके काम से काफी प्रसन्न रहते थे।अब एक बार फिर 6 माह के लिए सरकार घेजटा की सेवाएं लेगी। बता दें कि हीरालाल घेजटा राजस्व अधिकारी-कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष भी रहे हैं।

पेज पर वापस जाने के लिए यहां क्लिक करें

ट्रेंडिंग न्यूज़
LAUGH CLUB
संबंधित आलेख