#यूटिलिटी
September 27, 2026
हिमाचल में लगातार पांच दिन खराब रहेगा मौसम : 4 जिलों में भारी से भारी बारिश और आंधी का अलर्ट जारी
ऊंचाई वाले कई इलाकों में हल्की बर्फबारी होने की भी संभावना है
शेयर करें:

शिमला। हिमाचल प्रदेश में एक बार फिर मौसम करवट लेने जा रहा है। प्रदेश में आज से मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, आने वाले दिनों में राज्य के कई हिस्सों में बारिश होने की संभावना है, जबकि ऊंचाई वाले पर्वतीय इलाकों में हल्की बर्फबारी हो सकती है।
मौसम में इस बदलाव के साथ पहाड़ी क्षेत्रों में ठंड का असर भी बढ़ने की उम्मीद है। मौसम विभाग के अनुसार, आज से हिमाचल के कई क्षेत्रों में बादल छाने और बारिश होने की स्थिति बन सकती है।
आपको बता दें कि मौसम विभाग ने चार जिलों में भारी बारिश का अलर्ट भी जारी किया है, जिसमें-
मौसम विभाग के अनुसार, सिरमौर जिला में कई जगहों पर आंधी के साथ भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। इसी को देखते हुए सिरमौर में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, शिमला, मंडी और सोलन में भी आंधी के साथ भारी बारिश होने की चेतावनी जारी की गई है।
खासकर प्रदेश के ऊंचे पर्वतीय क्षेत्रों में मौसम अधिक प्रभावित रहने का अनुमान है। इन इलाकों में हल्की बर्फबारी भी हो सकती है। किन्नौर और लाहौल-स्पीति के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मौसम के बदलाव का असर ज्यादा देखने को मिल सकता है। तापमान में गिरावट के साथ इन क्षेत्रों में ठंड बढ़ने की संभावना है।
मौसम में बदलाव का असर किन्नौर के कुछ ऊंचाई वाले इलाकों में पहले ही दिखाई देने लगा है। कूनोचारंग और छितकुल जैसे क्षेत्रों में बर्फबारी शुरू हो चुकी है। बर्फ गिरने के बाद इन इलाकों में तापमान नीचे जाने से ठंड बढ़ गई है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी से स्थानीय लोगों की दिनचर्या पर भी असर पड़ सकता है। इसके अलावा पर्यटन गतिविधियों पर भी मौसम का प्रभाव देखने को मिल सकता है।
किन्नौर में इस समय सेब सीजन भी चल रहा है। ऐसे में बारिश और बर्फबारी का सीधा असर बागवानों और सेब से जुड़े कामकाज पर पड़ सकता है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मौसम खराब होने से सेब की तुड़ाई, पैकिंग और मंडियों तक फसल पहुंचाने के काम में परेशानी आने की आशंका है।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 28 सितंबर को भी हिमाचल के कई हिस्सों में बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। वहीं ऊंचाई वाले पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना बनी रहेगी। इस दौरान किन्नौर और लाहौल-स्पीति समेत अन्य ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम ठंडा रहने की उम्मीद है। लगातार बारिश या बर्फबारी की स्थिति में स्थानीय स्तर पर सड़क यातायात भी प्रभावित हो सकता है।
लगातार दो दिनों तक मौसम में बदलाव के बाद 29 सितंबर से बारिश की गतिविधियों में कमी आने के संकेत हैं। यानी प्रदेश में बारिश का दौर धीरे-धीरे कमजोर पड़ सकता है। इसके बाद 30 सितंबर और 1 अक्टूबर को अधिकांश क्षेत्रों में मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहने का अनुमान है। हालांकि पहाड़ी इलाकों में स्थानीय मौसम परिस्थितियों के कारण बदलाव देखने को मिल सकता है।
बारिश और बर्फबारी के दौरान पहाड़ी क्षेत्रों में-
यह भी पढ़े : डिप्टी CM मुकेश अग्निहोत्री के विभाग का JE और महिला वकील चिट्टे के साथ धरे, जा सकती है नौकरी
मौसम खराब होने की स्थिति में हिमाचल आने वाले पर्यटकों को भी यात्रा से पहले मौसम और सड़क की स्थिति की जानकारी लेने की सलाह दी गई है। ऊंचाई वाले पर्यटन स्थलों की ओर जाने वाले लोगों को अचानक मौसम बदलने की स्थिति के लिए तैयार रहना चाहिए। बारिश या बर्फबारी के दौरान विजिबिलिटी कम होने पर वाहन चलाते समय गति नियंत्रित रखना और सुरक्षित दूरी बनाए रखना जरूरी होगा। इसके अलावा नदियों-नालों से भी दूर रहने की सलाह दी गई है।
मौसम विभाग का पूर्वानुमान-
फिलहाल मौसम में होने वाले इस बदलाव से हिमाचल के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंड बढ़ने के संकेत हैं। स्थानीय लोगों, बागवानों और पर्यटकों को मौसम विभाग के आगामी अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।